शहरी और ग्रामीण एफ़.आर.वी. को रणनीतिक रूप से तैनात किया गया है ताकि ज़मीनी स्तर पर तेज़ सहायता प्रदान की जा सके।
संकरी गलियों और घनी यातायात में तेज़ी से पहुँचने के लिए दोपहिया इकाइयाँ।
अत्याधुनिक 160 सीट क्षमता वाला आपातकालीन प्रतिक्रिया कॉल सेंटर – जरूरतमंद नागरिकों को चौबीसों घंटे तेज़ और भरोसेमंद सहायता उपलब्ध कराता है।.
उन्नत तकनीक से युक्त आपातकालीन प्रतिक्रिया केंद्र – अत्याधुनिक प्रणालियों के एकीकरण के माध्यम से नागरिकों को 24×7 तेज़, बुद्धिमान और भरोसेमंद सहायता प्रदान करता है।
डायल 112 पुलिस, अग्निशमन, चिकित्सा या किसी भी अन्य आपातकाल के लिए एकीकृत माध्यम प्रदान करता है। नागरिक सहायता का अनुरोध कर सकते हैं, घटना के अद्यतन ट्रैक कर सकते हैं और अपनी प्रतिक्रिया साझा कर सकते हैं। हमारे एकीकृत सिस्टम घटनाओं को तेज़ सहायता के लिए निकटतम फर्स्ट रिस्पॉन्स व्हीकल्स पहुँचाते हैं।
मानक संचालन प्रक्रियाएं और प्रशिक्षित कार्मिक पूरे राज्य में नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करते हैं।
जीआईएस आधारित लोकेशन-अवेयर डिस्पैच यात्रा समय को कम करता है और मौके पर प्रतिक्रिया को तेज़ करता है।
बेहतर निर्णयों के लिए केपीआई और इकाई की उपलब्धता की लाइव मॉनिटरिंग।
आपातकालीन कॉल के दौरान समावेशिता और स्पष्टता सुनिश्चित करने के लिए हिंदी, अंग्रेज़ी और अन्य क्षेत्रीय भाषाओं में सहायता।
डायल 112 फेज़-II का उद्देश्य इस परियोजना को उन्नत तकनीकों और सुदृढ़ आपातकालीन प्रतिक्रिया तंत्र से सुसज्जित अगले चरण में ले जाना है। डायल 112 फेज़-II नवीनतम तकनीकों जैसे 5G नेटवर्क आधारित संचार, नंबर मास्किंग समाधान, नागरिकों के लिए उन्नत मोबाइल एप्लिकेशन, बॉडी वॉर्न कैमरे एवं कार डैशबोर्ड कैमरों आदि से संचालित होगा। डायल 112 फेज़-II के वाहनों को भौगोलिक अधिकार क्षेत्र के अनुसार उनके प्रदर्शन और प्रतिक्रिया समय को बेहतर बनाने हेतु दो श्रेणियों (अर्थात् शहरी एवं ग्रामीण) में वर्गीकृत किया गया है।
डायल 112 ने मध्यप्रदेश में आपातकालीन प्रतिक्रिया सेवाओं को नए सिरे से परिभाषित कर एक सच्चे समाचार निर्माता के रूप में लगातार अपनी पहचान बनाई है। अत्याधुनिक तकनीकों, तीव्र प्रतिक्रिया तंत्र और नागरिक-केंद्रित दृष्टिकोण के साथ, यह सार्वजनिक सुरक्षा में एक मानक बन चुका है। गंभीर आपात स्थितियों में जीवन बचाने से लेकर महिलाओं, बच्चों और वरिष्ठ नागरिकों को संकट के समय सहयोग प्रदान करने तक, डायल 112 को विश्वास, दक्षता और विश्वसनीयता के प्रतीक के रूप में मीडिया द्वारा व्यापक रूप से सराहा और प्रकाशित किया गया है। इसकी उल्लेखनीय उपलब्धियाँ और समाज पर पड़ा प्रभाव इसे क्षेत्रीय और राष्ट्रीय समाचारों में निरंतर सुर्खियों का विषय बनाते हैं।
सागर जिले के थाना छानबीला क्षेत्र में दुलचीपुर गाँव मोटर साईकिल चालक ने राहगीर महिला को मारी टक्कर जिसमें दोनों घायल हो गए है, पुलिस सहायता की आवश्यकता है। सूचना राज्य स्तरीय पुलिस कंट्रोल रूम डायल-112 भोपाल में दिनाँक 20/09...
थाना तेंदूखेड़ा के बहेरिया मॉल गांव के पास बाइक के एक्सीडेंट की सूचना राज्य स्तरीय पुलिस कंट्रोल रूम डायल-112 भोपाल में दिनांक 20-09-2026 को 13:51 बजे प्राप्त हुई।
सूचना प्राप्त होते ही दमोह डायल-112 कंट्रोल रूम में त...
सागर जिले थाना बीना क्षेत्र में मालखेड़ी के पास पोल नंबर 983/11 के पास एक व्यक्ति ट्रेन से गिरकर घायल हो गया है, पुलिस सहायता की आवश्यकता है। सूचना राज्य स्तरीय पुलिस कंट्रोल रूम डायल-112 भोपाल में दिनाँक 02-03-2026 को प्राप्...